नई दिल्ली, 20 जुलाई 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
सरकार ने देश में कोयले के नये संसाधनों के आकलन के लिए इनकी तलाश की गति धीमी नहीं की है। कोयले के नये संसाधनों को प्रोत्साहनकारी/क्षेत्रीय खोज/ड्रिलिंग के जरिए चिन्हित किया जाता है। प्रत्येक वर्ष प्रोत्साहनकारी/क्षेत्रीय खोज के जरिए लगभग एक से लेकर तीन अरब टन तक के नये संसाधनों को देश में कोयले के तैयार स्टॉक में सम्मिलित किया जाता है।
प्रोत्साहनकारी/क्षेत्रीय खोज/ड्रिलिंग के तहत उपलब्धि वर्ष 2017-18 में 1.76 लाख मीटर आंकी गई, जबकि वर्ष 2013-14 में यह आंकड़ा 1.51 लाख मीटर था।
वैश्विक निविदाओं के जरिए विशेष एजेंसियों से प्राप्त नई तकनीकों जैसे कि 2डी/3डी भूकंपीय सर्वेक्षण, एयर बोर्न सर्वेक्षण, इत्यादि से लाभ उठाने के लिए पहल की गई हैं।
रेल, कोयला, वित्त एवं कॉरपोरेट मामलों के मंत्री पीयूष गोयल ने राज्यसभा में एक लिखित प्रश्न के उत्तर में यह जानकारी दी।