नई दिल्ली, 03 मई 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
● विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) ने अपना संस्थापना दिवस मनाया
● डॉ• हर्षवर्धन ने डीएसटी के नये अत्याधुनिक भवन का शिलान्यास किया
● डीएसटी 1 मई, 2018 से 15 मई, 2018 तक स्वच्छता पखवाड़ा मना रहा है
केन्द्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ• हर्षवर्धन ने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) के नये अत्याधुनिक भवन का शिलान्यास किया। नये अत्याधुनिक भवन के बारे में संक्षिप्त जानकारी देते हुए डीएसटी के सचिव प्रो• आशुतोष शर्मा ने कहा कि इरकॉन ने परियोजना का पहला चरण 15 महीनों के भीतर पूरा करने का वायदा किया है। प्रो• शर्मा ने श्रोताओं से नये विचार साझा करने की अपील की, जिससे नये भवन में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के अनूठे तत्वों को शामिल किया जा सके। डॉ• हर्षवर्धन ने कहा कि ‘नये अत्याधुनिक भवन का निर्माण 3 मई, 2021 तक पूरा हो जाना चाहिए, जब डीएसटी अपना स्वर्ण जयंती मनाएगा।’ उन्होंने एक पर्यावरण मंत्री के रूप में प्रसन्नता भी व्यक्त की क्योंकि नया भवन सभी हरित भवन नियमों का अनुपालन करता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि निर्माण के दौरान नवीनतम तकनीकों का अनुपालन किया जाना चाहिए।
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के तीन विभागों में से एक, डीएसटी की स्थापना 03 मई 1971 को विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के नये क्षेत्रों की खोज करने तथा विकास के लिए उद्देश्य को अभिव्यक्त करने, राष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी क्षमता को सुदृढ़ बनाने एवं सभी संस्थानों और विषयों की क्षमता बढ़ाने के लिए की गई थी। प्रौद्योगिकी भवन के रूप में लोकप्रिय, वर्तमान डीएसटी परिसर की स्थापना और उपयोग पीएल-480 ‘पब्लिक लॉ-480’ के तहत अमेरिकी सहायता एजेंसी द्वारा खाद्यान्नों के भंडारण के लिए किया गया था।
इस अवसर पर मौजूद अन्य गणमान्य व्यक्तियों में सीएसआईआर सचिव डॉ• गिरीश साहनी, पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय में सचिव डॉ• एम राजीवन, इरकॉन के सीएमडी एस• के• चौधरी, डीएसटी के संयुक्त सचिव एवं वित्तीय सलाहकार जे• वी• महापात्र, डीएसटी की संयुक्त सचिव अंजु भल्ला, डीएसटी के पूर्व सचिव डॉ• पी• रामाराव एवं प्रो• वी• एस• राममूर्ति शामिल थे।
स्वच्छ भारत अभियान के एक हिस्से के रूप में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग में 01 मई, 2018 से 15 मई, 2018 तक स्वच्छता पखवाड़े का भी आयोजन किया जा रहा है। डीएसपी प्रत्येक वर्ष 03 मई को अपना संस्थापना दिवस मनाता है, जो इस वर्ष स्वच्छता पखवाड़े के दौरान आयोजित किया जा रहा है। पखवाड़े के दौरान अन्य कार्यकलापों के अतिरिक्त, डीएसटी के लिए चुनौतियां एवं हितधारकों से अपेक्षाएं विषय पर एक गोलमेज परिचर्चा का भी आयोजन किया। डीएसटी के विख्यात पूर्व सचिवों, विख्यात वैज्ञानिकों, सीनियर फेलो जैसे विभिन्न हितधारकों एवं मीडिया से जुड़े व्यक्तियों ने भी परिचर्चा में भाग लिया।
स्वच्छता पखवाड़े के दौरान जिन अन्य कार्यकलापों की योजना बनाई गई, उनमें स्वच्छ जल, स्वच्छ वायु, स्वच्छ ऊर्जा एवं अपशिष्ट प्रबंधन पर विशेषज्ञों की वार्ताएं एवं हितधारकों के परामर्श शामिल थे। डीएसटी कई वर्षों से इन क्षेत्रों में अनुसंधान परियोजनाओं का वित्त पोषण करता रहा है। पखवाड़े के दौरान डीएसटी के समर्थन से विकसित प्रौद्योगिकियों पर वैज्ञानिकों एवं विशेषज्ञों द्वारा चर्चा की जाएगी। इन प्रौद्योगिकियों को प्रदर्शित करने के लिए एक प्रदर्शनी का आयोजन प्रौद्योगिकी भवन परिसर में 07 मई से 10 मई 2018 तक तथा 11 मई को विज्ञान भवन में किया जाएगा, जहां राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस का समारोह मनाया जाएगा।