--- हरेन्द्र शुक्ला, वाराणसी।
•☆• भोपाल में सदगुरु कबीर महोत्सव में राज्यपाल, मुख्यमंत्री शिवराज पाटिल सहित दर्जनों विशिष्ट हस्तियों की रही मौजूदगी
भोपाल, 10 नवम्बर। संस्कृत महाकवि तथा साहित्यशास्त्र के मूर्धन्य विद्वान काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के इमेरिटस प्रोफेसर आचार्य रेवा प्रसाद द्विवेदी को मध्य प्रदेश शासन के संस्कृति विभाग द्वारा संस्कृत कविता के लिए राष्ट्रीय कबीर सम्मान से सम्मानित किया गया है। प्रो• रेवा प्रसाद द्विवेदी को यह सम्मान भोपाल के लाल परेड मैदान में शुक्रवार को राष्ट्रपति रामकोविंद राम संत कबीर दास की स्मृति में आयोजित सद्गुरु कबीर महोत्सव में प्रदान किया। यह सम्मान प्रतिवर्ष भारतीय भाषाओं मे लिखित कविता हेतु मध्यप्रदेश शासन द्वारा प्रदान किया जाता है ।संस्कृति विभाग द्वारा कविता के क्षेत्र में भारतीय भाषाओं मे दिया जाने वाला राष्ट्रीय कबीर सम्मान भोपाल के लाल परेड मैदान मे आयोजित समारोह में यह पुरस्कार वर्ष 2013-14 के लिए दिया गया है।
समारोह में तेलगू तथा उड़िया साहित्य के अन्य दो साहित्यकारों को भी सम्मानित किया गया। समारोह में मध्यप्रदेश के राज्यपाल ओम प्रकाश कोहली, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, संस्कृति मंत्री सुरेंद्र पटवा आदि मंत्री उपस्थित थे।
कबीर की जन्मभूमि वाराणसी से जुड़े आचार्य द्विवेदी की सुदीर्घ संस्कृत साहित्य सेवा के लिए उनको यह सम्मान प्रदान किया गया है। सम्मान समारोह में मध्य प्रदेश के अनेक गणमान्य नागरिक तथा राजनेता उपस्थित रहे। समारोह में मध्य प्रदेश के जाने माने लोक गीतकारो द्वारा कबीर की सखियों का गान प्रस्तुत किया गया।
•☆• संस्कृत और संस्कृति के महाकवि प्रो• रेवा प्रसाद द्विवेदी
आचार्य द्विवेदी ने संस्कृत कविता के क्षेत्र मे सदी के महानतम संस्कृत महाकाव्य स्वातंत्र्यसंभवम की रचना की है जिसके 75 सर्गों में सन 1857 से प्रारंभ कर भारतवर्ष का आज तक का इतिहास प्रस्तुत है तथा इसमे उनके द्वारा निरंतर आगे के सर्गों मे वर्तमान को लिखा जा रहा है। आचार्य द्विवेदी ने अब तक संस्कृत भाषा में तीन महाकाव्य, समसामयिक विषयों पर 20 खंडकाव्य तथा दो नाटकों की रचना की है। कालिदासग्रंथावली, भोजराज के शृंगारप्रकाश, भरतमुनी के नाट्यशास्त्र का अनुवाद तथा सम्पादन के साथ कालिदासशब्दानुक्रमकोश के निर्माण के लिए आप संस्कृत जगत मे जाने जाते हैं।