--अभिजीत पाण्डेय
पटना - बिहार, इंडिया इनसाइड न्यूज।
रामजन्मभूमि की तर्ज पर सीतामढ़ी जिले में स्थित मां जानकी की जन्मस्थली पुनौराधाम को पुनर्विकसित किया जायेगा। मंदिर के विकास के लिए बिहार सरकार द्वारा 50 एकड़ जमीन को अधिग्रहित किया जा रहा है। इन विकास कार्यों पर पर्यटन विभाग की ओर से 72.47 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। राज्य मंत्रिपरिषद की शुक्रवार को हुई बैठक में इसकी स्वीकृति भी मिल गई है।
अयोध्या में राममंदिर निर्माण कार्य के लिए 70 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया गया था। रामायण परिपथ के तहत अयोध्या आने वाले श्रद्धालु रामजन्मभूमि के बाद मां जानकी जन्मस्थली पुनौराधाम भी आते हैं। अयोध्या से पुनौराधाम को राष्ट्रीय राज्यमार्ग से भी जोड़ा जा रहा है। इसके बाद श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि होने की उम्मीद है। इसीलिए सरकार ने यहां जमीन अधिग्रहण कर उसे विकसित करने का निर्णय लिया है, ताकि यहां आने वाले पर्यटकों को अयोध्या जैसी सुविधा मिल सके। पुनौराधाम के विकास से पर्यटकों की संख्या में वृद्धि के साथ ही राज्य सरकार को राजस्व की प्राप्ति भी होगी। साथ ही आसपास के क्षेत्रों में स्थानीय लोगों के लिए रोजगार व व्यापार की भी कोई कमी नहीं होगी।
सीतामढ़ी जिले के पुनौराधाम मंदिर के आसपास जमीन अधिग्रहण कर पर्यटकीय सुविधाओं का विकास और आधारभूत संरचनाओं का निर्माण किया जाएगा। इन विकास कार्यों पर पर्यटन विभाग की ओर से 72.47 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इस बहुउद्देशीय योजना के तहत परिक्रमा पथ, सीता वाटिका, लव-कुश वाटिका, जानकी महोत्सव क्षेत्र का विकास होगा। इसके साथ ही सुंदर वास्तुशिल्प से सुसज्जित दीवारें, पार्किंग और पर्यटकीय सुविधाएं भी विकसित की जाएगी।
https://www.indiainside.org/post.php?id=9689