अखिल भारतीय गांधीवादी रचनात्मक श्रमिक सम्मेलन : गांधी आश्रम दिल्ली में 25 व 26 नवम्बर को



दिल्ली, 20 नवम्बर। अखिल भारतीय गांधीवादी रचनात्मक श्रमिक सम्मेलन का आयोजन 25 से 26 नवंबर 2017 को गांधी आश्रम, दिल्ली में होगा। सम्मेलन का उद्घाटन भारतवर्ष के उपराष्ट्रपति एम० वेंकैया नायडू 25 नवंबर को गांधी आश्रम में पूर्वा० 11 बजे करेंगे। विभिन्न क्षेत्रों से कई गणमान्य व्यक्ति विभिन्न सत्रों में सम्मेलन को अनुग्रहित करेंगे। देश के विभिन्न हिस्सों और विदेशों से लगभग 5000 प्रतिनिधियों के भाग लेने की उम्मीद है। यह सम्मेलन हर संबंध में समाज के गांधीवादी रचनात्मक श्रमिकों को प्रोत्साहित करेगा और गांधीजी द्वारा कल्पना की गई शांति, प्रेम और सांप्रदायिक सौहार्द के संदेश का प्रचार-प्रसार करेंगा। यह जानकारी हरिजन सेवक संघ के अध्यक्ष शंकर कुमार सन्याल ने दी।

गांधी आश्रम एक पवित्र और ऐतिहासिक स्थान है। गांधीजी 1 9 30 और 1 9 40 के दशक में दिल्ली में अपने प्रवास के दौरान इस परिसर में रहते थे। भारत की स्वतंत्रता संग्राम के दौरान यहां कई महत्वपूर्ण सभा आयोजित की गई थी। जवाहरलाल नेहरू, सुभाष चंद्र बोस, सरदार बल्लभ भाई पटेल, बादशाह खान, डा० बी० आर० अम्बेडकर, सी० राजगोपालाचारी, डा० राजेंद्र प्रसाद, मौलाना अबुल कलाम आजाद और अन्य ने यहां गांधीजी का दौरा किया और इस परिसर में रहे। कस्तूरबा भी गांधीजी के साथ यहां पर रहीं।

1 9 32 में उत्तरी दिल्ली के (किंग्सवे कैंप में गांधी आश्रम) वरडेंट ग्रीन वूडलैंड में महात्मा गांधी द्वारा “हरिजन सेवक संघ” स्थापित किया गया था। “हरिजन सेवक संघ” स्थापना के समय से ही समाज के दलित और कमजोर वर्ग के उत्थान के लिए काम कर रहा है। यह देश और विदेशों में शांति, सामंजस्य और सार्वभौमिक भाईचारे को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयास कर रहा है, जैसा कि महात्मा गांधी ने जोर दिया था। दिवंगत अध्यक्षा और संरक्षक पद्मविभूषण निर्मला देशपांडे, देश के प्रतिष्ठित सर्वोदय नेता और संत विनोबा भाबे की आध्यात्मिक बेटी ने अपने कार्यकाल के दौरान शांति, सामंजस्य और राष्ट्रीय अखंडता पर कई राष्ट्रीय स्तर के गांधीवादी रचनात्मक श्रमिक सम्मेलन का आयोजन किया था। दिवंगत निर्मला देशपांडे द्वारा दिखाए गए मार्ग से ही संघ द्वारा गांधी आश्रम, किंग्सवे कैंप, दिल्ली में 25 से 26 नवंबर को अखिल भारतीय गांधीवादी रचनात्मक श्रमिक सम्मेलन का आयोजन किया है।

https://www.indiainside.org/post.php?id=910