गैस पीड़ित विधवा महिलाओं की पेंशन बहाली -बजट में सरकार का राहत भरा फैसला



--विजया पाठक (एडिटर - जगत विजन),
भोपाल-मध्य प्रदेश, इंडिया इनसाइड न्यूज़।

मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार ने अपने चौथे कार्यकाल का पहला बजट मंगलवार को विधानसभा में पेश किया। इस बार का बजट प्रदेश की उन गैस पीड़ित विधवा महिलाओं के लिए राहतभरा रहा जिनकी मासिक पेंशन बंद हो गई थी। शिवराज सरकार के इस बजट से उन लोगों को काफी राहत मिली है, जिन्होंने 3 दिसंबर 1984 को हुई गैस त्रासदी की चपेट में आए। वर्ष 2011 दी जा रही गैस पीड़ित विधवा महिलाओं को राहत पेंशन दिसंबर 2019 से तत्कालीन कमलनाथ सरकार ने बंद कर दी थी। अधिकारियों का कहना था कि इस मद में फिक्ज्ड डिपॉजिट के पैसे खत्म हो गये हैं और पेंशन के लिये पैसा बचा नहीं है। जिसके बाद गैस पीड़ित संगठनों और लोगों ने इसका विरोध किया। इस भयानक त्रासदी में अपने पति और बच्चों को खो चुकीं कई महिलाएं ऐसी है जो आज भी आर्थिक तंगी से जूझ रही है। यह पेंशन ही उनको एक मात्र सहारा था, जिसे कमलनाथ सरकार ने बंद कर दिया था।

लेकिन सत्ता में वापस आते ही लोगों को एक बार फिर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से दोबारा पेंशन को शुरू किए जाने की उम्मीद थी और वे लोगों की उम्मीदों पर खरा उतरे और बजट में भोपाल गैस पीड़ितों की पेंशन जारी रखने का फैसला किया। वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बजट पेश किया तो बताया कि गैस पीड़ितों को प्रतिमाह दी जाने वाली केन्द्रीय पेंशन योजना समाप्त हो जाने पर अब राज्य सरकार स्वयं के स्रोतों से पेंशन उपलब्ध कराएगी। कुल मिलाकर जनता के लिए और जनता की सरकार द्वारा लिया गया यह फैसला सैकड़ों लोगों को इसका लाभ देगा। भले ही राजनीतिक लोग इसे नगरीय निकाय चुनाव से जोड़कर देखते हो, लेकिन जनता के हित में लिया गया फैसला ही एक बेहतर सरकार का उदाहरण होता है।

शिवराज सरकार की यह खास बात है कि वो अपने किए गए वायदो को जरूर निभाती है। आपको ध्यान होगा कि शिवराज सिंह चौहान ने 3 दिसंबर 2020 को गैस त्रासदी की 36वीं बरसी पर ही गैस पीड़ितों को पेंशन फिर से दिए जाने की घोषणा की थी, उन्होंने कहा था कि गैस त्रासदी में अपने पतियों को खोने वाली पीड़ित विधवाओं के लिए 1,000 रुपये प्रति माह पेंशन आजीवन दी जाएगी। और उसके बाद उन्होंने बजट में इस बात को हरी झंडी दे दी। शिवराज सरकार के इस फैसले से पांच हजार से ज्यादा गैस पीड़ित विधवाओं को उनकी जरूरी पेंशन मिल पाएगी।

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