--प्रदीप फुटेला (सम्पादक-कुमाऊँ केसरी)
बेतालघाट-उत्तराखंड, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
दो दिसंबर को बेतालघाट ब्लॉक के दाड़िमा ग्राम की नाबालिक लड़की के साथ सामुहिक दुष्कर्म को ले कर बुधवार को बेतालघाट के सड़को पर सुरेन्द्र हाल्सी के नेतृत्व में ब्लॉक के कई जनप्रतिनिधि सहित शांति रैली निकालक गई। जिसमें लोगों द्वारा पहाड़ी क्षेत्रों में ऐसी घटना को लेकर काफी गुस्सा जाहीर किया गया। इस दौरान महिलाओं ने इस कथित घटना को लेकर काफी गुस्सा जाहिर किया। वहीं उन्होंने हाथों में दाड़िमा की गुड़िया को इंसाफ ले लिए बेनर के साथ शांति मार्च निकाला।
बताते चले कि 2 दिसम्बर को दाड़िमा की एक नाबालिक युवती को पास के ही ग्राम तल्ला गांव के 3 युवकों द्वारा रात्रि को घर से उठा कर सामूहिक दुराचार कर वही पास के जंगल मे फेक दिया गया था जिसकी सुबह सूचना मिलते ही उस युवती को 108 के माध्यम से समुदियाक स्वस्थ केन्द्र बेतालघाट ले जाया गया, जहाँ युवती की हालत गम्भीर देख उसे नैनीताल बी डी पाण्डेय को रेफर कर दिया गया, जिसके बाद रात्रि 1:30 बजे युवती का मेडिकल से उसके साथ दुष्कर्म की पुष्ठि हो गयी, जिसके बाद पट्टी पटवारी प्रवीण ह्यांकी द्वारा 3 लोगो के खिलाफ पोस्को एक्ट मुकदमा दर्ज कर लिया गया। जिनके बाद उच्चाधिकारियों के आदेशानुसार इस केस को रेगुलर पुलिस को स्थानान्तरित कर दिया गया जिसमें रेगुलर पुलिस के त्वरित कार्यवाही करते हुवे वरिष्ठ अधीक्षक नैनीताल तथा थानाध्यक्ष बेतालघाट तत्काल अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु आदेशित किया गया जिसमें थानाध्यक्ष प्रेम विश्वकर्मा के नेतृत्व में तत्काल पुलिस टीम गठित कर मंगलवार को तीनो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
■ कड़ी कार्यवाही की कि मांग
उक्त प्रकरण के लिए क्षोत्रिय लोगो द्वारा तीनो दोषियों को कड़ी से कड़ी कार्यवाही की मांग की गई है जिसमें आगे चल कर पहाड़ी क्षेत्रों में इस प्रकार के घटनाये ना हो सके।
■ परिवार के लोगो ने धमकाने का लगाया आरोप
वहीँ युवती के पिता ने आरोपित पक्ष के कुछ लोगो पर उन्हें डराने तथा धमकाने का आरोप भी लगाया है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग उन्हें उक्त मामले को दबाने के लिए दबाव बना रहे है और मामले को ना दबाने के लिए जान से मारने की धमकी तक दे रहे, जिससे पीड़ित पक्ष अपने जान को ख़तरा बता रहे है। उन्होंने कहा कि उनका घर गांव से थोड़ा दूरी पर है जिससे उनको अपनी जान का ख़तरा बना हुआ है।
■ लोकल नेताओं द्वारा मामलें को दबाने का आरोप
वहीँ सामाजिक कार्यकर्ता सुरेन्द्र हाल्सी ने कहा कि कुछ क्षेत्रिय जनप्रतिनिधियों तथा लोकल नेताओ द्वारा इस प्रकरण को दबाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि कुछ नेताओं द्वारा समाज के बीच ऐसी कथित घटना को ले सामने ना आना एक दुःखद बात है, जिसका पूरा दोष इन्ही लोगो का है।
वहीं हेम चन्द्र आर्य, व्यपार मंडल अध्यक्ष बालम सिंह बोहरा, मण्डल अध्यक्ष प्रताप सिंह बोहरा, अतुल भंडारी, क्षेत्र पंचायत सदस्य किशन बधुड़ी, तारा भण्डारी, ग्राम प्रधान मदन दरमवाल, पंकज जोशी, खष्टी जोशी, महेंद्र रावत, केवल जैडा, दिनेश बिष्ट, तरुण शर्मा, नीम खुल्बे, सीमा तिवारी, जानकी, ऋतु तिवारी, विमला उप्रेती, कांता बिष्ट, चम्पा जलाल, कविता जलाल, दीपा, मंजू, धीरज इत्यादि मौजूद रहे।
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