नई दिल्ली,
इंडिया इनसाइड न्यूज़।
केंद्र सरकार द्वारा दिव्यांगजनों के लिए हर तरह की सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में जल शक्ति मंत्रालय और दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की ओर सन- साधन हैकथॉन का आयोजन किया गया। इसमें हिस्सा लेने वाले प्रतिभागियों ने अटल इनोवेशन मिशन और नीति आयोग के दिव्यांगजनों के अनुकूल शौचालय बनाने संबंधी प्रेरक विचार सामने रखे।
इस अवसर पर केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि उनका मंत्रालय दिव्यांगजनों को बेहतर शौचालय सुविधा प्रदान करने की दिशा में काम कर रहा है। उन्होंने कहा, 'समावेश, पूर्ण स्वछता का एक महत्वपूर्ण पहलू है। हमारे विभाग ने दिव्यांगजों के लिए स्वच्छता सुविधाएं मुहैया कराने की परिकल्पना की है क्योंकि गरिमा के साथ जीवन यापन करना उनके सशक्तीकरण का अभिन्न पहलू है।'
उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार, दिव्यांगजनों के मुद्दों को गंभीरता से समझती है और उनके जीवन को आसान बनाने की दिशा में कड़ी मेहनत कर रही है। उन्होंने जोर देते हुए कहा 'हमें अपने युवाओं को आगे आने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए और उन मुद्दों को हल करना चाहिए जो राष्ट्रीय चिंता का विषय हैं।'
विजेताओं द्वारा किए गए उल्लेखनीय कार्यों का जिक्र करते हुए, नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने कहा कि भारत अपने युवा अन्वेषकों के माध्यम से वैश्विक समस्याओं का समाधान करने की दिशा में एक अद्वितीय पारिस्थितिकी तंत्र बनाने में सक्षम है।
अमिताभ कांत ने कहा, 'मुझे पूरा विश्वास है कि जब हमारे युवा भारत के लिए नई खोज करते हैं, तो वे वैश्विक मुद्दों को सुलझाने में योगदान देते हैं। हमारे युवा एक समावेशी भारत की दिशा में आगे बढ़ने में सक्षम हैं और मैं उन्हें सन-साधन हैकथॉन में उनके शानदार कार्य को देखकर खुश हूं। मैं प्रतिभागियों और विजेताओं को उनके प्रेरक विचारों के लिए बधाई देता हूं।'
दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की सचिव शकुंतला डी• गैमलिन ने कहा 'ग्रामीण शौचालय दिव्यांगजनों के अनुकूल होने चाहिए।' पेयजल और स्वच्छता विभाग के सचिव परमेश्वरन अय्यर ने कहा, 'हमने आज कुछ उत्कृष्ट नवाचारों को देखा है, और ये हमारी स्वच्छता सुविधाओं को दिव्यांगजनों के अनुकूल बनाने में बहुत प्रभावी हो सकते हैं। मैं सभी टीमों को इसके लिए बधाई देता हूं। यह महत्वपूर्ण चुनौती है और मुझे पूरा विश्वास है कि इनमें से कई नवाचारों को बढ़ावा मिलेगा।'
अपने स्वागत भाषण में, मिशन निदेशक एआईएम आर• रामानन ने कहा 'सन-साधन हैकथॉन के आयोजन में मंत्रालयों के साथ भागीदारी करना एआईएम का सौभाग्य है।'
दिव्यांगजनों के अनुकूल शौचालय बनाने के लक्ष्य के साथ, स्वच्छ भारत मिशन (एसीबीएम) के तहत तीन दिवसीय सन-साधन हैकथॉन एक नवीनतम पहल है।
प्रतिभागियों ने चार श्रेणियों में भाग लिया जिसमें ग्रामीण व्यक्तिगत उपयोग वाले शौचालय, ग्रामीण सामुदायिक उपयोग वाले शौचालय, शहरी व्यक्तिगत वाले उपयोग शौचालय और शहरी सामुदायिक उपयोग वाले शौचालय शामिल थे। विजेताओं को नकद पुरस्कार और एसबीएम के तहत देश भर में और संचालन के अवसर दिए गए।
तीन अन्वेषक विजेता के रूप में उभरे और एक रनर अप रहा। 130 से अधिक टीमों ने हैकाथॉन के लिए आवेदन किया था जिसमें जिसे 21 आवदकों का चयन किया गया।
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