'पुलिस संचार व्यवस्था का आधुनिकीकरण और उसकी चुनौतियां' : दो दिवसीय सम्मेलन का नई दिल्ली में आयोजन



नई दिल्ली, 18 नवम्बर 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।

‘पुलिस संचार व्यवस्था का आधुनिकीकरण और उसकी चुनौतियां’ विषय पर दो दिवसीय सम्मेलन कल सोमवार 19 नवम्बर को नई दिल्ली में शुरू हो रहा है। केन्द्रीय संचार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) मनोज सिन्हा इसका उद्घाटन करेंगे। देश में पुलिस संचार व्यवस्था के लिए गृह मंत्रालय का एक नोडल सलाहकार निकाय, समन्वय पुलिस वायरलेस (डीसीपीडब्ल्यू) निदेशालय इस सम्मेलन का आयोजन कर रहा है।

इस सम्मेलन का उद्देश्य देश में पुलिस संचार व्यवस्था के विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करने और इसे प्रौद्योगिकी विकास के साथ आधुनिक बनाने के लिए एक मंच उपलब्ध कराना है। दूरसंचार क्षेत्र की विख्यात हस्तियां तथा शीर्ष दूरसंचार निर्माता इसमें विचार-विमर्श करेंगे और प्रस्तुतियां देंगे। सम्मेलन में राज्य और केन्द्रशासित प्रदेशों की पुलिस और सीएपीएफ के सामने आ रही संचार चुनौतियों के बारे में विचार-विमर्श किया जाएगा। पुलिस संचार व्यवस्था के लिए आवर्ती स्पेक्ट्रम संबंधी मुद्दों, पुलिस संचार व्यवस्था में एन्क्रिप्शन, पुलिस सुरक्षा के लिए अगली पीढ़ी/भविष्य की प्रौद्योगिकी, पुलिस दूरसंचार व्यवस्था में विभिन्न अनुप्रयोगों के लिए सॉफ्टवेयर डिफाइन्ड रेडियो को शामिल करने के बारे में भी इस सम्मेलन में चर्चा की जाएगी।

इस सम्मेलन में सभी राज्यों/केन्द्रशासित प्रदेशों और सीएपीएफ के प्रमुख भाग लेंगे। गृह मंत्रालय, दूरसंचार विभाग के वायरलेस योजना आयोग, भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स एंड अप्लाइड प्रयोगशाला और अन्य प्रतिष्ठित संगठनों के वरिष्ठ अधिकारी इस सम्मेलन में शामिल होंगे।


॥■॥ पुलिस में महिलाओं के बारे में 8वें राष्ट्रीय सम्मेलन का रांची में आयोजन

पुलिस में महिलाओं के बारे में 8वां राष्ट्रीय सम्मेलन (एनसीडब्ल्यूपी) सोमवार 19 नवम्बर को रांची, झारखंड में शुरू होगा। पुलिस अनुसंधान एवं विकास ब्यूरो झारखंड पुलिस के सहयोग से इस दो दिवसीय सम्मेलन का आयोजन कर रहा है। यह सम्मेलन महिला पुलिस के मुद्दों का समाधान करने और उनकी व्यावसायिक दक्षता को अधिक से अधिक बढ़ाने तथा अनुकूल बनाने के लिए एक सक्षम माहौल तैयार करने वाला राष्ट्रीय स्तर का एक मात्र मंच है।

सम्मेलन के दौरान निम्नलिखित विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा:

• सीएपीएफ / पुलिस बल में महिलाओं की अनसुनी आवाज- लिंग भेदभाव रहित कार्य स्थल।
• कौशल वृद्धि के लिए प्रौद्योगिकी।
• अनुकूल कार्य माहौल के लिए सशक्त कार्य स्थल।
• स्मार्ट शहरों में महिला पुलिस की भूमिका।
• समुदाय जनित पुलिस व्यवस्था में महिलाएं।
• महिला पुलिस कर्मियों के लिए विशेष प्रशिक्षण की जरूरत।
• कार्यस्थलों पर यौन उत्पीड़न - विभिन्न परिप्रेक्ष्य और प्रबंधन।

उच्चतम न्यायालय की पूर्व न्यायाधीश, न्यायमूर्ति ज्ञानसुधा मिश्रा, सीबीआई के संयुक्त निदेशक डॉ• सी• के• गोस्वामी, आईपीएस, अतिरिक्त सीआईटी, नई दिल्ली शुभ्रता प्रकाश और राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा जैसे प्रसिद्ध वक्ता इस सम्मेलन में भागीदारी कर रहे हैं। इसके अलावा अन्य विशेषज्ञ भी विचार-विमर्श करेंगे।

महिला पुलिस कर्मियों की क्षमता निर्माण से निपटने और संपूर्ण व्यावसायिकता प्राप्त करने के लिए पुलिस कार्यों में पर्याप्त अवसर प्रदान करने के लिए एक सशक्त निकाय की लंबे समय से जरूरत महसूस की जा रही थी। एनसीडब्ल्यूपी इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए एक समग्र समाधान के रूप में सामने आया। एनसीडब्ल्यूपी का पहला सम्मेलन 2002 में नई दिल्ली में आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न राज्यों/केन्द्रशासित प्रदेशों और केन्द्रीय पुलिस संगठनों की अलग-अलग रैंकों की महिला पुलिस कर्मियों ने बड़े उत्साहपूर्वक भाग लिया। एनसीडब्ल्यूपी सभी पुलिस संगठनों/सीपीओ में यौन उत्पीड़न से निपटने के तंत्र को मजबूत बनाने और उस पर निगरानी रखने तथा सक्रिय तरीकों और साधनों का सुझाव देने के लिए लगातार काम कर रहा है।

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