नई दिल्ली, 04 जुलाई 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
● सीबीडीटी द्वारा मई एवं जून 2018 में तीन ‘यूएपीए’ पर हस्ताक्षर करने के साथ ही भारत की अग्रिम मूल्य निर्धारण समझौता व्यवस्था अब और भी आगे बढ़ी
केन्द्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने पिछले दो महीनों के दौरान तीन एकपक्षीय अग्रिम मूल्य निर्धारण समझौतों (यूएपीए) पर हस्ताक्षर किए हैं। इन समझौतों पर हस्ताक्षर करने के साथ ही सीबीडीटी द्वारा अब तक किए गए अग्रिम मूल्य निर्धारण समझौतों (एपीए) की कुल संख्या बढ़कर 223 हो गई है। इनमें अन्य समझौतों के अलावा 20 द्विपक्षीय एपीए भी शामिल हैं।
पिछले दो महीनों के दौरान किए गए यूएपीए का वास्ता अर्थव्यवस्था के उपभोक्ता उद्योग, ऑटोमोबाइल और बेशकीमती पत्थरों एवं धातु क्षेत्रों से है। इन समझौतों के दायरे में आने वाले अंतर्राष्ट्रीय लेन-देन का वास्ता कॉरपोरेट गारंटी, ब्रांड की खरीद, ग्रेडिंग सेवाओं से लाभ उठाने, प्रबंधन सेवाओं से लाभ उठाने और रॉयल्टी के भुगतान से है।
एपीए योजना की प्रगति से गैर-प्रतिकूल कर व्यवस्था को बढ़ावा देने का सरकारी संकल्प मजबूत हुआ है। ट्रांसफर प्राइसिंग से जुड़े जटिल मसलों को निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से निपटाए जाने के तथ्य को ध्यान में रखते हुए भारतीय एपीए कार्यक्रम की सराहना देश-विदेश में की गई है।
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