--विजया पाठक
एडिटर - जगत विजन
रायपुर - छत्तीसगढ़, इंडिया इनसाइड न्यूज।
■पहले पिता दलवीर सिंह ने लोहा चोरी का काम किया, अब बेटा इन्द्रजीत सिंह उर्फ छोटू दे रहा लोहा चोरी के काम को अंजाम
■छोटे-छोटे लोहा चोर गिरफ्तार लेकिन सबसे बड़ा लोहा चोर इन्द्रजीत सिंह उर्फ छोटू कब होगा गिरफ्तार?
■भिलाई प्रबंधन और पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से चल रहा गोरखधंधा
छत्तीसगढ़ के भिलाई स्टील प्लांट में पिछले 40 वर्षों से लगभग 10,000 करोड़ रुपये से अधिक के लोहे की चोरी होने का दावा किया गया है। इस मामले ने तब बड़ा रूप ले लिया जब दुर्ग पुलिस ने भिलाई में बड़े पैमाने पर हो रहे एक संगठित लोहा चोरी रैकेट (सिंडिकेट) का पर्दाफाश किया। छत्तीसगढ़ के भिलाई स्थित स्टील प्लांट से कबाड़ी से बना एक बहुत बड़ा ट्रांसपोर्टर पिछले 40 वर्षों से लोहा चोरी का काम कर रहा है। पहले पिता दलवीर सिंह उर्फ़ वीरा सिंह करता था, पिता के मरने के बाद बेटा इन्द्रजीत सिंह उर्फ छोटू इस काम को अंजाम दे रहा है। पिता दलवीर सिंह पहले सूअर काट-काट कर बेचता था। फिर कबाड़ के धंधे में उतर गये। फिर भिलाई स्टील प्लांट में सी.आई.एस.एफ. और पुलिस की मदद से लोहा चोरी का साम्राज्य खड़ा कर लिया। देखते-देखते 1500 ट्रकों की बहुत बड़ी हेवी ट्रांसपोर्ट कम्पनी बना ली और हेवी ट्रांसपोर्टर बन गया। इन्द्रजीत सिंह जितने भी दो नम्बर के काम करता है उसके लिए ड्राइवरों के नाम पर ही ट्रक खरीद लेता है, जिससे जब चोरी का लोहा पकड़ा जाय तो ड्राईवर पकड़ा जाय। इन्द्रजीत उर्फ़ छोटू इस लोहा चोरी के धंधे को बड़े शातिराना अंदाज़ से अंजाम दे रहा है। यह लोहा चोर ट्रांसपोर्टर छत्तीसगढ़ पुलिस के बहुत से अधिकारियों को साल में करोड़ों रुपयों की घूस देता है। एक दबंग आईपीएस अधिकारी के आंखों के अस्पताल में लगभग पांच करोड़ का मेटेरियल इस ट्रांसपोर्टर ने मुफ्त में पहुँचाया। जिसमें ईंट, मुरम, रेत, सीमेंट, छड़ आदि मेटेरियल शामिल था। आज की तारीख में यह आलीशान आँखों का अस्पताल चल रहा है। भिलाई स्टील प्लांट के मार्केटिंग डिविजन के अधिकारियों की भी मिलीभगत रहती है और नेताओं का संरक्षण प्राप्त होता है। यह ट्रांसपोर्टर थाना भट्टी के सभी पुलिस वालों को घूस देता है। मतलब यह है कि दुर्ग जिले के सभी सम्बन्धित अधिकारी इस लोहा चोरी के धंधे में लिप्त हैं। इस ट्रांसपोर्टर का आलिशान मकान कोहका में है। कम्पनी ट्रांसपोर्ट नगर हथखोज में और छत्तीसगढ़ ट्रक टेलर एसोसिएशन का आफिस खुर्सीपार में है। इस यूनियन का इंद्रजीत अध्यक्ष है। यूनियन की पर्ची प्रति ट्रक 1500 रूपये की काटी जाती है। बाहरी गाड़ियों से मनमानी रकम वसूल की जाती है। लगभग 1500 ट्रक, ट्राला, ट्रिप टेलर तो अकेली हेवी ट्रांसपोर्ट कम्पनी के पास हैं, हज़ारों ट्रक की आवाजाही भिलाई स्टील प्लांट से होती है।
●पुलिस ने जप्त किया 250 टन लोहा, 15 लोगों की गिरफ्तारी
मई 2026 में दुर्ग पुलिस ने 'एके ट्रेडर्स' नामक कबाड़ यार्ड पर छापा मारकर 250 टन से अधिक चोरी का लोहा बरामद किया। जिसकी कीमत करोड़ों में है। साथ ही 15 लोगों की गिरफ्तारी की थी। इसमें स्टी2ल प्लां ट के कर्मचारी भी थे। जुलाई 2026 में पुलिस ने तकनीकी सबूतों के आधार पर भिलाई स्टील प्लांट के जनरल मैनेजर हिमांशु भूषण मलिक और इंजीनियरिंग एसोसिएट मनोज देवांगन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। मामले में अब तक 15 से अधिक आरोपी पकड़े जा चुके हैं। इस रैकेट का भंडाभोड़ होने के बाद तहलका मच गया था। लोहा चोरी बड़े ही शातिर तरीके से होता था। ट्रक ऑपरेटर प्लांट से निकलने वाले कचरे (फ्लाई ऐश/डस्ट) के नीचे भारी मात्रा में स्टील प्लेट, बीम और लोहे के स्क्रैप को छिपा देते थे।
●रसूखदार नेताओं और अफसरों से सांठगांठ
बताया जा रहा है कि इन्द्रजीत सिंह उर्फ छोटू का प्रदेश के बड़े-बड़े रसूखदार नेताओं और अधिकारियों से सांठगांठ है। और इनका संरक्षण भी प्राप्ते है, जो किसी न किसी रूप से इन्द्रजीत सिंह की मदद करते हैं। छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम के बेटे की शादी का पूरा खर्च इंद्रजीत सिंह और अनिल सिंह द्वारा उठाया गया था। अनिल सिंह भी कई अवैध धंधों में शामिल है।
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